Rewa MP:डीजीपी से भी ज्यादा पावरफुल है यातायाता थाना प्रभारी अमीना शर्मा!
रीवा. मैं तेरे इश्क में मर न जाऊं कहीं तू मुझे आजमाने की कोशिश न कर….इस गाने की बोल में यातायात थाना प्रभारी अनीमा शर्मा द्वारा बनाई गई रील सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रही है। इतना ही नहीं एक और वीडियो वायरल हो रही है जिसमें स्वंय माइक पर गा रही मोहब्बत की नहीं जाती मोहब्ब्त हो जाती है यार….। मजे की बात तो यह है कि वायरल वीडियो में यातायात थाना प्रभारी वर्दी पर है और थाना में लगी शासकीय वाहन पर रील बनाई गई है जो इन दिनो जमकर वायरल हो रही। वायरल वीडियों रूझान भी सुनने को मिले कि वर्दीधारी महिला अधिकारी को किससे मोहब्बत हो गई जो माइक लेकर गा रही कि मोहब्बत की नहीं जाती मोहब्बत हो जाती है… ये किसके इश्क में मरने की बात कर रही? जैसी तरह-तरह की चर्चाएं पुलिस विभाग हो रही है। कुछ वर्दीधारियों ने तो यहां तक कह डाला कि कुबेर के दरबार में अच्छे-अच्छो के दिमाग पलट जाते हैं। शायद ऐसा ही कुछ यातायात थाना प्रभारी में देखने को मिल रहा है, उनको रीवा में बैठे पुलिस अधिकारियों का तो भय है ही नहीं डीजीपी तक का भय उनको नहीं सताया। हाल ही में डीजीपी ने आदेश जारी किया था कि यदि कोई पुलिस अधिकारी या कर्मचारी रील बनाता है और सोशल मीडिया में पोस्ट करता है तो उसे निलंबित कर दिया जायेगा। यह आदेश पुलिस विभाग में जमकर वायरल हुआ जिस पढ़कर वर्दीधारियों के सिर से रील बनाकर फेमस होने का भूत निकल भागा। लेकिन यातायात थाना प्रभारी अनीमा शर्मा के सिर से रील बनाने को भूत नहीं उतरा वो अपने को डीजीपी से ज्यादा पावरफुल मानती है उनके आदेशो को तो वे हवा हवाई कर देती है। इस संबंध में जब उनसे जानकारी चाही गई तो अपने को मीटिंग में होने और मीटिंग से खाली होकर काल बैंक करने की बात कर सवालों से दूर हो गई।
यातायात थाना प्रभारी के आगे अधिवक्ता संघ की भी नही गली दाल
यातायात थाना प्रभारी के सिर पर किस नेता मंत्री या पुलिस के आला अधिकारी का हाथ है यह शोध का विषय है, क्योंकि अधिवक्ताओं की भी उनके आगे दाल नहीं गली। हाल ही में यातायात थाना प्रभारी के विरूद्ध एफआईआर दर्ज किये जाने एंव निलंबन किये जाने की मांग को लेकर अधिवक्ता संघ ने एसपी कार्यालय को घेराव किया था। एक बात को एक सप्ताह से ज्यादा समय गुजर गया, यातायात थाना प्रभारी के विरूद्ध न तो एफआईआर हुई और न हीं निलंबन की कार्रवाही हुई। बताते चले कि यातायात थाना प्रभारी अधिवक्ताओं के निशाने पर तब आई जब वे न्यायालय परिसर में जाकर वर्दी का रौब दिखाने लगी, देखते ही देखते अधिवक्ता भड़क उठे और यातायात थाना प्रभारी को न्यायालय परिसर से खदेड़ दिया। बात यहीं खत्म नहीं हुई अधिवक्ताओं ने न्यायालय का मुख्य गेट बंद कर एक ओर जहां पक्षकारों को परेशानी में डाल दिया था वहीं दूसरी ओर ऐसे अधिवक्ता भी परेशानी के दौर से गुजरे जिनको इन सब से कोई लेना देना नहीं था। अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष राजेंद्र पांडेय एंव अधिवक्ता अखंड प्रताप सिंह के नेतृत्व में सैकड़ो की संख्या में अधिवक्ता एसपी कार्यालय जा पहुंचे और यातायात थाना प्रभारी के विरूद्ध कार्रवाही किये जाने की मांग की थी।





