Rewa MP:NEET पेपर लीक के विरोध में NSUI का उग्र प्रदर्शन, सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने किया भाजपा कार्यालय घेराव, पुलिस ने बैरिकेड तोड़ने पर कई लोगों को हिरासत में लिया!
बीड़ा तिराहे से निकला मार्च, “इस्तीफा दो” के लगे नारे, एनएसयूआई ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से मांगा इस्तीफा, एडिशनल एसपी ने कहा कानून-व्यवस्था बनाए रखने की गई कार्रवाई
रीवा। में शुक्रवार को NEET पेपर लीक मामले और दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के समर्थन में एनएसयूआई का विरोध प्रदर्शन उग्र हो गया। सैकड़ों की संख्या में NSUI और कांग्रेस कार्यकर्ता भाजपा कार्यालय का घेराव करने सड़क पर उतरे।
प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पुलिस ने पहले से बैरिकेडिंग कर रखी थी जिसके कारण प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की और तीखी बहस हुई। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर मौके से हटाया।
बीड़ा तिराहे से शुरू हुआ मार्च
प्रदर्शन की शुरुआत बीड़ा तिराहे से हुई। एनएसयूआई कार्यकर्ता हाथों में पार्टी के झंडे, बैनर और पोस्टर लेकर भाजपा सरकार के खिलाफ नारे लगाते हुए आगे बढ़े। पूरे मार्च के दौरान “इस्तीफा दो” और “युवाओं के साथ अन्याय नहीं चलेगा” के नारे गूंजते रहे। भाजपा कार्यालय पहुंचने से पहले ही पुलिस ने बैरिकेड लगाकर कार्यकर्ताओं को रोक दिया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड हटाने की कोशिश की और थाली-ताली बजाकर केंद्र सरकार के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया। कुछ देर तक मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।
“लाखों छात्रों का भविष्य दांव पर”
प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि NEET पेपर लीक से लाखों छात्रों का भविष्य दांव पर लग गया है। लेकिन सरकार दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने के बजाय आवाज उठाने वाले छात्रों पर लाठीचार्ज करा रही है। एनएसयूआई के जिला अध्यक्ष पंकज उपाध्याय ने कहा कि पेपर लीक की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि जब तक छात्रों को न्याय नहीं मिलता तब तक आंदोलन जारी रहेगा। पंकज उपाध्याय ने आगे कहा कि सरकार युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। छात्रों की आवाज को दबाने के लिए पुलिस का इस्तेमाल किया जा रहा है जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
पुलिस ने की हिरासत में लेकर कार्रवाई
एडिशनल एसपी संदीप मिश्रा ने बताया कि प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन बैरिकेड पार करने की कोशिश करने पर उन्हें हिरासत में लेकर नियमानुसार कार्रवाई की गई। प्रशासन का कहना है कि किसी को भी कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी। वहीं NSUI ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। NEET पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद से पूरे देश में छात्रों में गुस्सा है। रीवा में हुआ यह प्रदर्शन उसी कड़ी का हिस्सा माना जा रहा है।




