पर्सनल लोन लेना हुआ आसान,अब बिना सैलरी स्लिप और इनकम प्रूफ के भी मिलेगा; अच्छे CIBIL स्कोर और दूसरे डॉक्यूमेंट्स ने प्रोसेस को बनाया आसान, जानें क्या हैं सेफ तरीके
New Delhi: अचानक पैसों की जरूरत (sudden need of money) पड़ने पर अब सैलरी स्लिप (salary slip) या फॉर्म-16 का न होना बड़ी बाधा नहीं बनेगा (won’t be a big hindrance) । यदि आपका सिबिल स्कोर (CIBIL Score) 750 या उससे अधिक है, तो कई बैंक और वित्तीय संस्थान (financial institution) आपके पुराने भुगतान रिकॉर्ड को आधार मानकर लोन (loan based on) देने को तैयार हो जाते हैं। इसके अतिरिक्त, यदि आपका किसी बैंक में पुराना खाता है और उसमें नियमित लेनदेन (regular transactions) होता रहता है, तो बैंक आपको ‘प्री-अप्रूव्ड’ लोन का विकल्प भी देते हैं। ऐसे मामलों में बैंक आय प्रमाण (bank income proof) के बजाय आपकी वित्तीय साख (your financial credibility instead) और बैंकिंग हिस्ट्री पर भरोसा (trust banking history) करते हैं, जिससे लोन मिलने की संभावना काफी बढ़ (The chances of getting a loan increase significantly) जाती है।
बिना किसी आय प्रमाण के लोन पाने (Get a loan without income proof) का सबसे सुरक्षित (Safe) और तीव्र तरीका ‘सिक्योर्ड लोन’ (Faster Way Secured Loan) है। आप अपने फिक्स्ड डिपॉजिट (Fixed Deposit) (FD), गोल्ड या प्रॉपर्टी के बदले आसानी से कर्ज प्राप्त (received loan) कर सकते हैं, क्योंकि इसमें बैंक के पास आपकी मूल्यवान संपत्ति गिरवी रहती है। वहीं, अपना व्यवसाय करने वाले लोग सैलरी स्लिप (salary slip) की जगह पिछले कुछ महीनों का जीएसटी (GST) रिटर्न या बैंक स्टेटमेंट (Bank statement) दिखाकर अपनी वित्तीय मजबूती साबित (proven financial strength) कर सकते हैं। विशेषज्ञ सलाह (expert advice) देते हैं कि ऐसे आवेदकों को उस बैंक में आवेदन करना चाहिए जहाँ उनका मुख्य खाता संचालित (main account operated) है, ताकि बैंक मैनेजर आसानी (bank manager ease) से उनके नकद प्रवाह का आकलन कर सके।
बिना आय प्रमाण (income proof) के मिलने वाले लोन के साथ कुछ जोखिम (risk) भी जुड़े होते हैं। बैंक जोखिम कम (bank risk less) करने के लिए अक्सर इन पर सामान्य से अधिक ब्याज दर वसूलते (charging higher interest rates) हैं और लोन की अवधि भी कम रखते हैं। इसके अलावा, तुरंत लोन देने का दावा करने वाले संदिग्ध मोबाइल ऐप्स से सावधान (Beware of suspicious mobile apps) रहना चाहिए, क्योंकि वे वसूली के लिए अनुचित तरीके अपनाते (adopt unfair means) हैं। भविष्य में सस्ते लोन के लिए नियमित रूप से इनकम टैक्स रिटर्न (income tax return) (ITR) फाइल करना और अपने सिबिल स्कोर को सुधारना एक समझदारी भरी रणनीति (smart strategy) है। किसी भी लोन एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर (Signing the loan agreement) करने से पहले ‘प्रोसेसिंग फीस’ और ‘हिडन चार्जेज’ की जांच अवश्य (must check) करें।





