Rewa MP:भ्रष्टाचारियों के संरक्षक’ का दाग लेकर रीवा से विदा हुए कमिश्नर बीएस जामोद, शीलेंद्र सिंह संभालेंगे कमान!
शिक्षा विभाग घोटाले-अनुकंपा नियुक्ति में डीईओ पर एक्शन नहीं, कलेक्टर की अनुशंसा भी दबाई,नगरीय विकास सचिव से बने नए कमिश्नर से भ्रष्टाचार पर कार्रवाई की उम्मीद
रीवा। आखिरकार रीवा कमिश्नर बीएस जामोद का तबादला हो गया। लेकिन जाते-जाते वह ‘भ्रष्टाचारियों को बचाने’ का दाग साथ ले गए। उनका स्थानांतरण नगरीय विकास एवं आवास विभाग में सचिव के पद पर हुआ है। उनकी जगह अब शीलेंद्र सिंह रीवा के नए कमिश्नर होंगे।
कलेक्टर की अनुशंसा भी दबा गए जामोद
शिक्षा विभाग में अनुकरण घोटाला और अनुकंपा नियुक्ति घोटाले में फंसे जिला शिक्षा अधिकारी को बचाने के आरोप जामोद पर लगे। रामराज मिश्रा समेत 6 लोग घोटाले में फंसे थे। कलेक्टर ने तत्कालीन डीईओ को निलंबित करने की अनुशंसा की थी, लेकिन कमिश्नर जामोद ने फाइल दबा दी। किसी तरह का एक्शन नहीं लिया गया। इसी तरह अनुकंपा नियुक्ति फर्जीवाड़ा में भी कलेक्टर ने तत्कालीन डीईओ गंगा प्रसाद को दोषी माना था। निलंबन की अनुशंसा की गई, पर जामोद ने मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया।
एक नवाचार के लिए जाने जाएंगे
जामोद का कार्यकाल रीवा में नीट एंड क्लीन तो नहीं कहा जा सकता, लेकिन एक नवाचार के लिए वह जरूर याद किए जाएंगे। उन्होंने ‘शुरुआत’ कर साइकिल से कार्यालय जाने और आने के लिए प्रेरित किया था।
नए कमिश्नर से उम्मीदें
रीवा के नए कमिश्नर शीलेंद्र सिंह उत्तर प्रदेश के मूल निवासी हैं। फिजिक्स से एमएससी हैं। उनका जन्म 3 नवंबर 1967 का है। भ्रष्टाचारियों पर कार्रवाई की गाज गिरना तय माना जा रहा है। वहीं स्वास्थ्य विभाग में दवा घोटाला हुआ। क्षेत्रीय संचालक ने जांच कराई, जांच प्रतिवेदन कार्रवाई के लिए कमिश्नर के पास भेजा, लेकिन जामोद ने किसी तरह की कार्रवाई नहीं की।





