Mauganj MP:मऊगंज में पुलिसिंग को मिली मजबूती: 30 आरक्षक बने प्रधान आरक्षक!
जिले के गठन के बाद पहली बार हुई पदोन्नति प्रक्रिया, आईजी और कमिश्नर ने जवानों को दी नई जिम्मेदारी
आईजी गौरव राजपूत और रीवा संभाग के कमिश्नर बी.एस. जामोद ने पदोन्नत पुलिसकर्मियों की वर्दी पर फित्ती (बैच) लगाकर उन्हें नई जिम्मेदारी से नवाजा
मऊगंज.नवगठित मऊगंज जिले के पुलिस विभाग के लिए गुरुवार का दिन ऐतिहासिक रहा। जिले के गठन के बाद पहली बार बड़े स्तर पर पदोन्नति की प्रक्रिया पूरी करते हुए 30 आरक्षकों को प्रधान आरक्षक के पद पर कार्यवाहक प्रभार सौंपा गया। कलेक्टर सभागार में आयोजित गरिमामय समारोह में रीवा जोन के आईजी गौरव राजपूत और रीवा संभाग के कमिश्नर बी.एस. जामोद ने पदोन्नत पुलिसकर्मियों की वर्दी पर फित्ती (बैच) लगाकर उन्हें नई जिम्मेदारी से नवाजा।
इस ऐतिहासिक पदोन्नति के पीछे पुलिस अधीक्षक सुरेंद्र जैन की अहम भूमिका रही। एसपी जैन ने इस संबंध में पुलिस मुख्यालय (डीजीपी कार्यालय), भोपाल को प्रस्ताव भेजा था। उनके विशेष प्रयासों से नवगठित जिले को पदोन्नति संबंधी अधिकार प्राप्त हुए। मुख्यालय से हरी झंडी मिलने के बाद विभागीय नियमों और वरिष्ठता सूची का बारीकी से परीक्षण किया गया, जिसके उपरांत 30 योग्य आरक्षकों का चयन कर उन्हें कार्यवाहक प्रधान आरक्षक के पद पर पदोन्नत किया गया।
इस अवसर पर आईजी गौरव राजपूत और कमिश्नर बी.एस. जामोद ने कहा कि पदोन्नति से न केवल पुलिसकर्मियों का व्यक्तिगत मनोबल बढ़ता है, बल्कि कार्य के प्रति जिम्मेदारी की भावना भी मजबूत होती है। अधिकारियों ने आशा व्यक्त की कि पदोन्नति पाने वाले ये जवान अपनी नई जिम्मेदारी का निर्वहन पूरी निष्ठा के साथ करेंगे, जिससे जिले की प्रशासनिक और पुलिसिंग व्यवस्था को और अधिक मजबूती मिलेगी।
लंबे समय से पदोन्नति की प्रतीक्षा कर रहे पुलिसकर्मियों के चेहरों पर आज खुशी साफ झलक रही थी। कार्यक्रम में कलेक्टर संजय जैन , एस डी ओ पी सचि पाठक,सहित पुलिस विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी और पदोन्नत पुलिसकर्मियों मौजूद रहे। सभी ने इस पहल को नवगठित जिले के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताया है।





