Rewa MP:SGMH की मुर्दाघर से गायब हुआ शव, अस्पताल में मचा हड़कंप!
गोविंदगढ़ के मरीज की इलाज के दौरान मौत के बाद परिजन चुपचाप शव ले गए गांव, अंतिम संस्कार की तैयारी के बीच पहुंची पुलिस
रीवा। संजय गांधी अस्पताल की मुर्दाघर से शनिवार सुबह एक मृतक का शव गायब होने से अस्पताल प्रबंधन में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में पुलिस को सूचना दी गई। बाद में शव मृतक के गांव से बरामद कर दोबारा संजय गांधी अस्पताल लाया गया, जहां पोस्टमार्टम कराया गया।
इलाज के दौरान तोड़ा दम, गोविंदगढ़ से लाया गया था मरीज
गोविंदगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम कनैजा निवासी मुकेश बंसल पिता रामलाल बंसल को उल्टी-दस्त की शिकायत के बाद उपचार के लिए संजय गांधी अस्पताल लाया गया था। यहां उपचार के दौरान शुक्रवार शाम उसकी मौत हो गई। इस दौरान परिजनों ने चिकित्सकों पर लापरवाहीपूर्वक इलाज करने का आरोप लगाया।
मुर्दाघर में रखा शव, सुबह मिला गायब, कैसे हुई चूक
चिकित्सकों ने मृतक का पोस्टमार्टम कराने की बात कहते हुए शव को मुर्दाघर में शिफ्ट करा दिया। शाम को शिफ्ट किए गए डेड बॉडी का शनिवार सुबह पोस्टमार्टम किया जाना था। जैसे ही सुबह मुर्दाघर का गेट खोला गया, मुकेश बंसल का शव गायब मिला।
गांव में चल रही थी अंतिम संस्कार की तैयारी,vपुलिस के पहुंचते खुला राज
मृतक मुकेश के शव को शुक्रवार शाम मुर्दाघर में शिफ्ट किए जाने के बाद परिजनों ने उसकी डेड बॉडी चुपचाप मुर्दाघर से निकालकर गुलाबी कंबल में लपेट कर गांव ले गए। रात भर गांव में रखने के बाद उसकी अंतिम संस्कार की तैयारी चल रही थी। इसी दौरान किसी ने पुलिस आने की खबर दी।
सरपंच से भी छुपाई बात, पुलिस की समझाइश के बाद माने परिजन
ग्राम पंचायत के सरपंच से भी परिजनों ने शव की बात छुपाकर अंतिम संस्कार करने की कोशिश की। मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को समझाइश देकर शव को बरामद किया और संजय गांधी अस्पताल लाकर पोस्टमार्टम कराया गया।
बंद ताले से शव कैसे निकला, सुरक्षा पर उठे सवाल
खास बात यह है कि जब मुर्दाघर का ताला बंद था तो ऐसी स्थिति में डेड बॉडी को परिजनों ने कैसे निकाला, यह बात किसी के गले नहीं उतर रही है। वहां पर पदस्थ कर्मचारियों की मदद से परिजनों ने शव निकाला या अंदर से शव निकालना आसान था, इसकी जांच जारी है।





